प्रॉपर्टी आईडी के दुरुस्तीकरण और लंबित ऑब्जेक्शन्स को लेकर नगर निगम आयुक्त महाबीर प्रसाद ने एनडीसी पोर्टल के सभी मेकर और चेकर के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने कड़ा निर्देश देते हुए कहा कि नागरिकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए किसी भी ऑब्जेक्शन को 15 दिन से अधिक समय तक लंबित नहीं रखा जाएगा। यदि किसी भी मेकर या चेकर के पास ऑब्जेक्शन 15 दिन से ज्यादा समय तक लंबित रहा, तो उनके खिलाफ विभागीय कार्यवाही की जाएगी।
आयुक्त ने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी ऑब्जेक्शन को ठोस कारण के बिना रिवर्ट नहीं किया जाए। राइट टू सर्विस कमीशन द्वारा निर्धारित समय सीमा के भीतर ऑब्जेक्शन्स का निपटान करना अनिवार्य होगा। उन्होंने लंबित ऑब्जेक्शन्स की स्थिति पर भी चर्चा की और सभी मेकर तथा चेकर से पूछा कि जिनके पास लंबित ऑब्जेक्शन्स थे, उनका कारण क्या था।
बैठक में प्रॉपर्टी आईडी के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई, जिसमें नई प्रॉपर्टी आईडी का निर्माण, उप-विभाजन के लिए ऑनलाइन आवेदन, नाम, मोबाइल नंबर, संपत्ति क्षेत्र, अप्रूव्ड और अनअप्रूव्ड त्रुटियों को दुरुस्त करना शामिल था।
आयुक्त ने सभी मेकर और चेकर को निर्देश दिए कि वे लंबित ऑब्जेक्शन्स को जल्द से जल्द निपटाएं। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर किसी मेकर या चेकर के पास लंबित ऑब्जेक्शन 15 दिन से अधिक समय तक पड़ा रहा, तो उन्हें चार्जशीट किया जाएगा। साथ ही, यह भी निर्देशित किया कि प्रॉपर्टी आईडी के संबंध में आम नागरिकों को कोई भी परेशानी न हो और वे जल्द से जल्द अपने ऑब्जेक्शन निपटा सकें।
महाबीर प्रसाद ने बैठक में यह भी कहा कि प्रॉपर्टी आईडी के मेकर, चेकर और अन्य अधिकारियों का बैठने का समय निर्धारित किया जाए, ताकि लंबित ऑब्जेक्शन्स को त्वरित रूप से सुलझाया जा सके।