एक टीनएजर को पहाड़ी पर पहुंचता देख इलाके में हड़कंप मच गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए गांव के सरपंच भी मौके पर पहुंचे और किशोर को समझाने की कोशिश की। सरपंच ने उसके सामने हाथ जोड़कर भावुक अपील की—“जो चाहोगे दिला देंगे, बस अपनी मां के लिए जी लो।”
काफी देर तक किशोर को समझाने और उससे बातचीत करने की कोशिश की गई। सरपंच ने उसे भरोसा दिलाया कि उसकी हर परेशानी का समाधान निकालने में मदद की जाएगी, लेकिन वह अपनी जिंदगी को खत्म करने जैसा कोई कदम न उठाए। इस दौरान मौके पर मौजूद लोगों की भी सांसें अटकी रहीं।
आखिर टीनएजर पहाड़ी पर क्यों पहुंचा था और ऐसी कौन-सी बात थी जिसके बाद सरपंच को हाथ जोड़कर उससे जिंदगी चुनने की अपील करनी पड़ी? पूरी घटना ने इलाके में लोगों को भावुक कर दिया। घटना से जुड़ी जानकारी सामने आने के बाद लोग सरपंच की समझाइश और मानवीय पहल की भी चर्चा कर रहे हैं।